‘दिग्विजय सिंह की सरकार में कितने डकैत सक्रिय थे?’ BJP के सवाल पर grok के जवाब ने मचाया बवाल, बीजेपी-कांग्रेस में छिड़ा संग्राम
राकेश चतुर्वेदी, भोपाल। दुनियाभर में तहलका मचा रहे grok ने मध्य प्रदेश में डकैतों को लेकर बड़ा खुलासा किया है. grok ने कहा है कि पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजयसिंह सरकार में प्रदेश में डकैतों के नौ गिरोह सक्रिय थे. grok की इस सूचना पर बीजेपी ने विपक्ष पर तंज कसा है, वहीं कांग्रेस ने इस बात को स्वीकार करते हुए कहा है कि डकैतों का उन्मूलन भी दिग्विजयसिंह सरकार में हुआ है.
BJP ने grok से क्या पूछा सवाल
बीजेपी प्रवक्ता हितेष बाजपेयी ने grok से यह पूछा सवाल- ‘जब दिग्विजय सिंह मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री थे तब प्रदेश में कितने डकैत सक्रिय थे और आज जब @DrMohanYadav51 जी मुख्यमंत्री हैं तब कितने हैं?”

grok का जवाब
दिग्विजय सिंह (1993-2003) के समय मध्यप्रदेश में डकैती चरम पर थी। 1999 में 9 गिरोह सक्रिय थे। 2000 में 101 डकैत पकड़े गए और 23 मारे गए। डॉ. मोहन यादव (2023-वर्तमान) के कार्यकाल में, मार्च 2025 तक आधुनिक पुलिसिंग से डकैती कम हुई प्रतीत होती है, पर सटीक आंकड़े उपलब्ध नहीं। ऐतिहासिक तुलना से कानून व्यवस्था में बदलाव दिखता है।

BJP ने कहा- grok साहब ने बताया है, 100 से अधिक डकैत पल रहे थे
इस घटनाक्रम के बाद बीजेपी प्रवक्ता हितेष बाजपेयी ने बयान जारी किया कि grok साहब ने बताया है दिग्विजयसिंह सरकार में 100 से अधिक डकैत पल रहे थे. दिग्विजयसिंह सरकार में डकैत पाले-पोसे जा रहे थे. यह आश्चर्यजनक है, जबकि मोहन सरकार में कोई डकैत नहीं है. अब दूध का दूध पानी का पानी हो गया है।
बीजेपी बोली- रावण की सेना बनकर कुंभकरण को उठाने में लगा विपक्ष
उन्होंने कहा कि यह सवाल इसलिए पूछा क्योंकि विधानसभा में विपक्ष काननू व्यवस्था को लेकर कुंभकरण को जगा रहा था. अब साफ हो गया है कि विपक्ष रावण की सेना बनकर कुंभकरण को उठाने में लगा है, क्योंकि रावण की सेना राम की सेना का सामना नहीं कर पा रही है. वहीं कांग्रेस के पूर्व विधायक शैलेंद्र पटेल ने पलटवार करते हुए कहा है कि यह सही है डकैत थे, लेकिन डकैतों का उन्मूलन भी दिग्विजय सिंह ने किया. डकैत थे तो पकड़े गए और मारे गए.
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