बिहार के दो लोगों की हत्या करने वाला साइको किलर यूपी में ढेर: पिस्टल छीनकर भाग रहा था, पुलिस ने एनकाउंटर में मारा
पटना। उत्तर प्रदेश के चंदौली में आतंक का पर्याय बने एक ‘साइको किलर’ का अंत हो गया है। बिहार के दो नागरिकों समेत तीन लोगों की बेरहमी से हत्या करने वाले पूर्व फौजी गुरप्रीत सिंह को यूपी पुलिस ने सोमवार देर रात एक एनकाउंटर में ढेर कर दिया। आरोपी ने महज 26 घंटे के भीतर तीन वारदातों को अंजाम देकर सनसनी फैला दी थी।
क्राइम सीन रीक्रिएशन के दौरान पुलिस पर हमला
चंदौली के एसपी आकाश पटेल के अनुसार, सोमवार को गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम गुरप्रीत को साक्ष्य जुटाने और ‘क्राइम सीन रीक्रिएट’ कराने के लिए दरियापुर गांव के पास रेलवे ट्रैक पर ले गई थी। इसी दौरान आरोपी ने एक पुलिस अधिकारी की पिस्टल छीन ली और अंधाधुंध फायरिंग करते हुए भागने का प्रयास किया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गुरप्रीत के सिर और सीने में गोली लगी, जिसके बाद जिला अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
हत्या का खौफनाक पैटर्न: सीधे कनपटी पर मारी गोली
45 वर्षीय गुरप्रीत सिंह की सनक का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उसने तीनों हत्याएं एक ही पैटर्न पर कीं नजदीक से सीधे कनपटी पर गोली मारना।
- पहली हत्या: रविवार सुबह चंदौली में एक पैसेंजर ट्रेन के भीतर युवक को मौत के घाट उतारा।
- दूसरी हत्या: रविवार देर रात वाराणसी में जम्मूतवी एक्सप्रेस में गया (बिहार) निवासी शख्स की हत्या की।
- तीसरी हत्या: सोमवार सुबह चंदौली के एक निजी अस्पताल में घुसकर कैमूर (बिहार) की रहने वाली एक महिला को बेड पर ही गोली मार दी।
’मैं मन का राजा हूं’ – गिरफ्तारी के बाद बेतुके बोल
तीसरी हत्या के बाद भागते समय भीड़ ने गुरप्रीत को दबोच लिया और जमकर धुनाई कर दी। पुलिस कस्टडी में जब उससे हत्याओं की वजह पूछी गई, तो उसने बेखौफ होकर कहा, “मैं मन का राजा हूं, शराब पीने के बाद जो मन में आता है वही करता हूं।” पुलिस पूछताछ में उसने कबूल किया कि वह पहले भी कई लोगों को मार चुका है।
आर्मी से रिटायरमेंट और मानसिक असंतुलन
जांच में सामने आया कि गुरप्रीत मूल रूप से अमृतसर का रहने वाला था और 6 साल पहले सेना से रिटायर हुआ था। 29 अप्रैल को वह बिहार के आरा में गार्ड की नौकरी करने गया था, लेकिन शराब की लत और हिंसक व्यवहार के कारण उसे नौकरी से निकाल दिया गया। इसके बाद से वह मानसिक रूप से अस्थिर हो गया और अलग-अलग शहरों में ट्रेनों के जरिए घूमकर वारदातों को अंजाम देने लगा।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
सीओ अरुण कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी पूरी तरह साइकोपैथ की तरह व्यवहार कर रहा था। एनकाउंटर के दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। पुलिस अब उसके पुराने रिकॉर्ड और परिवार के बारे में जानकारी जुटा रही है, क्योंकि उसने अपनी पत्नी और बच्चों के बारे में कोई भी स्पष्ट जानकारी साझा नहीं की थी।
0 Comments
Related News
Follow Us
Advertisement
Newsletter
for more information contact us

